Bharatiya Nagarik Suraksha Sanhita, 2023
धारा 300
Non-application of Chapter
Nothing in this Chapter shall apply to any juvenile or child as defined in section 2 of the Juvenile Justice (Care and Protection of Children) Act, 2015 (2 of 2016).
सत्यापन प्रतीक्षित
यह क्यों है
भारत में कानून से टकराव में आए बच्चों का निपटारा आम आपराधिक प्रक्रिया से अलग, कल्याण-केन्द्रित किशोर न्याय तंत्र के माध्यम से किया जाता है, जहाँ उद्देश्य दंड नहीं बल्कि सुधार होता है। यह प्रावधान सुनिश्चित करता है कि वयस्क अपराधियों के लिए बनी ‘प्ली बार्गेनिंग’ की प्रक्रिया उस पृथक तंत्र से पूरी तरह बाहर रहे, ताकि बच्चों को वयस्क शैली की सौदेबाज़ी आधारित सज़ा-निर्धारण की ओर कभी न मोड़ा जाए।